नगर निगम में भाजपा पदाधिकारी व पार्षद बेलगाम होते जा रहे हैं। पिछले दिनों भाजयुमाे के एक नेता ने अधिकारियों को निगम में घुसकर पीटने की धमकी दी तो मंगलवार को पार्षद अतुल कौशल ने अधिकारियों को सीधा करने व मुर्गा बनाकर मारने की धमकी दे दी। वे अन्य पार्षदों के साथ सफाई श्रमिकों के समानीकरण को लेकर महापौर का घेराव करने पहुंचे थे।
7 दिन में समानीकरण करने की घोषणा
उनका आरोप था कि पिछले माह बोर्ड की बैठक में स्थायी श्रमिकों का 7 दिन में समानीकरण करने की घोषणा की गई थी, उसे तो पूरा किया नहीं बल्कि इन वार्ड के बारे में गलत जानकारी देकर एक समाचार पत्र में छपवा दिया गया। उन्होंने गलत जानकारी देने वाले अधिकारी को मौके पर बुलाने की मांग की। उपायुक्त नहीं आए तो मेयर से कहा-आपसे नहीं आते तो हमें बताओ, उन्हें ठीक कर देंगे, मुर्गा बनाकर मारेंगे।
मेयर से विरोध दर्ज करवाया
15 फरवरी को निगम बोर्ड की बैठक में वार्ड में स्थायी श्रमिकों को हर वार्ड में समान अनुपात में बांटने का मामला उठा था। महापौर ने 7 दिन में समानीकरण करने की घोषणा की थी। 23 दिन बाद भी इस पर कोई काम नहीं हुआ। इसी दौरान एक समाचार पत्र में एक वार्ड को लेकर गलत आंकड़े भी छप गए। मंगलवार को अतुल कौशल के नेतृत्व में पार्षदों ने मेयर से विरोध दर्ज करवाया।
कौन-कौन रहे मौजूद
उन्होंने कहा कि गलत जानकारी अखबार तक कैसे गई। महापौर ने उपायुक्त त्यागी को कॉल किया तो उन्होंने फाइल उनके पास ही बताई, फिर कहा आयुक्त के पास रखी है। पार्षद उन्हें कक्ष में बुलाने की मांग करने लगे। बोले कि यदि अधिकारी नहीं सुनते हैं तो हमें बताएं, हम उन्हें सीधा कर देंगे, मुर्गा बनाकर मारेंगे। इस दौरान हेमा सक्सेना, चंद्रप्रकाश सोनी, मीनाक्षी, बशरुद्दीन, विकास तंवर मौजूद थे।
आज शाम तक का समय
महापौर ने समानीकरण का काम बुधवार की शाम तक करने का भरोसा दिलाया। पार्षदों ने चेतावनी दी कि मामला नहीं सुलझा तो वे गुरुवार से उनके कक्ष में ही हड़ताल करेंगे।
सीरियल की तरह हो गई फाइल। समानीकरण की फाइल कहां है, इसकी महापौर को भी जानकारी नहीं है। इस पर पार्षदों ने कहा कि यह तो ऑफिस-ऑफिस सीरियल की तरह हो गई, जिसमें फाइल घूमती रहती थी, लेकिन काम नहीं होता था।
7 दिन में समानीकरण करने की घोषणा
उनका आरोप था कि पिछले माह बोर्ड की बैठक में स्थायी श्रमिकों का 7 दिन में समानीकरण करने की घोषणा की गई थी, उसे तो पूरा किया नहीं बल्कि इन वार्ड के बारे में गलत जानकारी देकर एक समाचार पत्र में छपवा दिया गया। उन्होंने गलत जानकारी देने वाले अधिकारी को मौके पर बुलाने की मांग की। उपायुक्त नहीं आए तो मेयर से कहा-आपसे नहीं आते तो हमें बताओ, उन्हें ठीक कर देंगे, मुर्गा बनाकर मारेंगे।
मेयर से विरोध दर्ज करवाया
15 फरवरी को निगम बोर्ड की बैठक में वार्ड में स्थायी श्रमिकों को हर वार्ड में समान अनुपात में बांटने का मामला उठा था। महापौर ने 7 दिन में समानीकरण करने की घोषणा की थी। 23 दिन बाद भी इस पर कोई काम नहीं हुआ। इसी दौरान एक समाचार पत्र में एक वार्ड को लेकर गलत आंकड़े भी छप गए। मंगलवार को अतुल कौशल के नेतृत्व में पार्षदों ने मेयर से विरोध दर्ज करवाया।
कौन-कौन रहे मौजूद
उन्होंने कहा कि गलत जानकारी अखबार तक कैसे गई। महापौर ने उपायुक्त त्यागी को कॉल किया तो उन्होंने फाइल उनके पास ही बताई, फिर कहा आयुक्त के पास रखी है। पार्षद उन्हें कक्ष में बुलाने की मांग करने लगे। बोले कि यदि अधिकारी नहीं सुनते हैं तो हमें बताएं, हम उन्हें सीधा कर देंगे, मुर्गा बनाकर मारेंगे। इस दौरान हेमा सक्सेना, चंद्रप्रकाश सोनी, मीनाक्षी, बशरुद्दीन, विकास तंवर मौजूद थे।
आज शाम तक का समय
महापौर ने समानीकरण का काम बुधवार की शाम तक करने का भरोसा दिलाया। पार्षदों ने चेतावनी दी कि मामला नहीं सुलझा तो वे गुरुवार से उनके कक्ष में ही हड़ताल करेंगे।
सीरियल की तरह हो गई फाइल। समानीकरण की फाइल कहां है, इसकी महापौर को भी जानकारी नहीं है। इस पर पार्षदों ने कहा कि यह तो ऑफिस-ऑफिस सीरियल की तरह हो गई, जिसमें फाइल घूमती रहती थी, लेकिन काम नहीं होता था।
Job
Bhai mera mara hai dard bhi mujko hai