कोटा को पॉलीथिन फ्री सिटी बनाने के लिए भास्कर द्वारा चलाए जा रहे अभियान को आगे बढ़ाते हुए जिला कलेक्टर ने अब सभी स्कूलों को इससे जोड़ा है। उन्होंने आदेश दिया है कि प्रत्येक सरकारी और निजी स्कूल के संचालक व प्रिंसिपल अपने यहां बच्चों को प्रार्थना सभा में पॉलीथिन से होने वाले नुकसान के बारे में बताएंगे। बच्चों की होमवर्क डायरी में पॉलीथिन का उपयोग न करने का नोट लिखेंगे और अभिभावकों से उस पर साइन करवाकर मंगाएंगे। इसका उद्देश्य नई पीढ़ी को पॉलीथिन के नुकसान से अवगत कराना है।
स्कूलों में कोई भी सामान पॉलीथिन में न आए
कलेक्टर डॉ. रविकुमार सुरपुर के अनुसार बच्चों को यह भी बताएं कि वे अपने अभिभावकों और रिश्तेदारों को पॉलीथिन कैरीबेग उपयोग न करने के लिए प्रेरित करें। यही नहीं, प्रिंसिपल भी इस बात का ध्यान रखें कि स्कूल में आने वाला सामान, चाय आदि खाद्य पदार्थ पॉलीथिन में न आए। जहां से सामान लाते हैं तथा स्कूल के आसपास के दुकानदारों को भी इसके नुकसान के बारे में समझाएं और पॉलीथिन का उपयोग रुकवाएं। अभिभावक संघ की बैठक में भी पॉलीथीन कैरीबेग का उपयोग न करने के लिए समझाया जाए।
पॉलीथिन जब्ती और समझाइश की कार्रवाई भी जारी
पॉलीथीन का उपयोग रोकने के लिए पॉलीथिन जब्ती की कार्रवाई जारी रहेगी। इसके लिए गठित दल विभिन्न क्षेत्रों में जाकर पॉलीथिन में सामान देने वाले दुकानदारों को समझा रहे हैं ताकि वे इसे बंद करें। साथ ही जो दुकानदार पॉलीथिन बेच रहे हैं उनके यहां से पॉलीथिन जब्त करने की कार्रवाई की जा रही है।
कुछ निजी स्कूलों ने शुरू की मुहिम
भास्कर के अभियान से प्रेरित होकर विद्याश्रम स्कूल बारां रोड तथा लार्ड कृष्णा स्कूल खेड़ली फाटक द्वारा पिछले दिनों होमवर्क की यह प्रक्रिया शुरू कर दी है। उन्होंने बच्चों की डायरी में होमवर्क के रूप में अभिभावकों को संदेश भेजा है कि वे पॉलीथिन में सामान न लाएं। यदि पॉलीथिन घर में आ भी गई है तो उसे सड़क पर फेंकने की बजाय घर में एकत्रित करें और महीने के अंत में या तो कबाड़ी को बेच दें या निगम के डंपिंग यार्ड पहुंचा दें।
स्कूलों में कोई भी सामान पॉलीथिन में न आए
कलेक्टर डॉ. रविकुमार सुरपुर के अनुसार बच्चों को यह भी बताएं कि वे अपने अभिभावकों और रिश्तेदारों को पॉलीथिन कैरीबेग उपयोग न करने के लिए प्रेरित करें। यही नहीं, प्रिंसिपल भी इस बात का ध्यान रखें कि स्कूल में आने वाला सामान, चाय आदि खाद्य पदार्थ पॉलीथिन में न आए। जहां से सामान लाते हैं तथा स्कूल के आसपास के दुकानदारों को भी इसके नुकसान के बारे में समझाएं और पॉलीथिन का उपयोग रुकवाएं। अभिभावक संघ की बैठक में भी पॉलीथीन कैरीबेग का उपयोग न करने के लिए समझाया जाए।
पॉलीथिन जब्ती और समझाइश की कार्रवाई भी जारी
पॉलीथीन का उपयोग रोकने के लिए पॉलीथिन जब्ती की कार्रवाई जारी रहेगी। इसके लिए गठित दल विभिन्न क्षेत्रों में जाकर पॉलीथिन में सामान देने वाले दुकानदारों को समझा रहे हैं ताकि वे इसे बंद करें। साथ ही जो दुकानदार पॉलीथिन बेच रहे हैं उनके यहां से पॉलीथिन जब्त करने की कार्रवाई की जा रही है।
कुछ निजी स्कूलों ने शुरू की मुहिम
भास्कर के अभियान से प्रेरित होकर विद्याश्रम स्कूल बारां रोड तथा लार्ड कृष्णा स्कूल खेड़ली फाटक द्वारा पिछले दिनों होमवर्क की यह प्रक्रिया शुरू कर दी है। उन्होंने बच्चों की डायरी में होमवर्क के रूप में अभिभावकों को संदेश भेजा है कि वे पॉलीथिन में सामान न लाएं। यदि पॉलीथिन घर में आ भी गई है तो उसे सड़क पर फेंकने की बजाय घर में एकत्रित करें और महीने के अंत में या तो कबाड़ी को बेच दें या निगम के डंपिंग यार्ड पहुंचा दें।
Job
Bhai mera mara hai dard bhi mujko hai