विज्ञाननगर क्षेत्र में स्थित ईएसआई अस्पताल के भवन की मरम्मत के लिए केन्द्र सरकार की ओर से 11 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए हैं। इसके लिए टेंडर करके काम भी शुरू किया जा चुका है। भवन मरम्मत का काम डेढ़ साल में पूरा होगा।
केंद्र सरकार ने भेजी थी टीम
ईएसआई अस्पताल से 20 हजार से ज्यादा कर्मचारी व उनके परिवार के सदस्य जुड़े हैं। लेकिन, बरसों पुराने अस्पताल के भवन की हालात खराब थी। बरसात के मौसम में अस्पताल की छत से पानी टपकता था, फर्श धंस चुका था। साथ ही प्लास्टर जगह-जगह से खराब हो चुका था। इस बारे में अस्पताल प्रशासन ने केन्द्र सरकार को प्रस्ताव भेजा था। इस पर केन्द्र सरकार ने टीम भेजकर अस्पताल की स्थिति को दिखवाया। बाद में प्रस्ताव को मंजूर कर लिया गया। मरम्मत कार्य के लिए 11 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए। मरम्मत कार्य पीडब्ल्यूडी विभाग को सौंपा गया है और इस काम को डेढ़ साल में पूरा करने का टारगेट दिया गया है।
डेढ़ साल में पूरा करना है काम
ईएसआई अस्पताल के प्रभारी डॉ. बीएल गोचर ने कहा है कि भवन की मरम्मत के लिए 11 करोड़ रुपए स्वीकृत हुए हैं। डेढ़ साल में यह काम पूरा होना है। मरम्मत के बाद अस्पताल की दशा में सुधार होगा और मरीजों को कोई परेशानी नहीं होगी।
तीन चरण में होंगे कार्य
अस्पताल भवन की मरम्मत का काम तीन चरण में होगा। पहले चरण में भवन की छत की पट्टियों को हटाकर आरसीसी और प्लास्टर का काम होगा। अस्पताल के बाहरी क्षेत्र में मरम्मत का काम होगा। दूसरे चरण में चारदीवारी सही की जाएगी। तीसरे चरण में अस्पताल के दरवाजे, खिड़कियों को बदला जाएगा और फर्श के प्लास्टर होगा। पीडब्ल्यूडी के एईएन पीएस जाट ने बताया कि अस्पताल के एक-एक हिस्से को खाली करवाकर काम किया जा रहा है, ताकि अस्पताल संचालन में परेशानी नहीं हो।
केंद्र सरकार ने भेजी थी टीम
ईएसआई अस्पताल से 20 हजार से ज्यादा कर्मचारी व उनके परिवार के सदस्य जुड़े हैं। लेकिन, बरसों पुराने अस्पताल के भवन की हालात खराब थी। बरसात के मौसम में अस्पताल की छत से पानी टपकता था, फर्श धंस चुका था। साथ ही प्लास्टर जगह-जगह से खराब हो चुका था। इस बारे में अस्पताल प्रशासन ने केन्द्र सरकार को प्रस्ताव भेजा था। इस पर केन्द्र सरकार ने टीम भेजकर अस्पताल की स्थिति को दिखवाया। बाद में प्रस्ताव को मंजूर कर लिया गया। मरम्मत कार्य के लिए 11 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए। मरम्मत कार्य पीडब्ल्यूडी विभाग को सौंपा गया है और इस काम को डेढ़ साल में पूरा करने का टारगेट दिया गया है।
डेढ़ साल में पूरा करना है काम
ईएसआई अस्पताल के प्रभारी डॉ. बीएल गोचर ने कहा है कि भवन की मरम्मत के लिए 11 करोड़ रुपए स्वीकृत हुए हैं। डेढ़ साल में यह काम पूरा होना है। मरम्मत के बाद अस्पताल की दशा में सुधार होगा और मरीजों को कोई परेशानी नहीं होगी।
तीन चरण में होंगे कार्य
अस्पताल भवन की मरम्मत का काम तीन चरण में होगा। पहले चरण में भवन की छत की पट्टियों को हटाकर आरसीसी और प्लास्टर का काम होगा। अस्पताल के बाहरी क्षेत्र में मरम्मत का काम होगा। दूसरे चरण में चारदीवारी सही की जाएगी। तीसरे चरण में अस्पताल के दरवाजे, खिड़कियों को बदला जाएगा और फर्श के प्लास्टर होगा। पीडब्ल्यूडी के एईएन पीएस जाट ने बताया कि अस्पताल के एक-एक हिस्से को खाली करवाकर काम किया जा रहा है, ताकि अस्पताल संचालन में परेशानी नहीं हो।
Job
Bhai mera mara hai dard bhi mujko hai